रोहतक10 मिनट पहले
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रोहतक में बैठक के दौरान अखिल भारतीय किसान सभा के सदस्यों को संबोधित करते सुमित दलाल।
रोहतक में फसल खराब होने की स्पेशल गिरदावरी करवाकर मुआवजा देने, बीमा क्लेम व सिंचाई के लिए पर्याप्त पानी देने की मांग को लेकर अखिल भारतीय किसान सभा की मीटिंग हुई। मीटिंग के दौरान किसान सभा के सदस्यों ने आंदोलन की रणनीति बनाते हुए हर गांव में पंचायत करने का निर्णय लिया।
अखिल भारतीय किसान सभा के जिला सचिव सुमित दलाल ने बताया कि जिला में खरीफ 2025 की फसलों के दौरान हुई बारिश और जलभराव के नुकसान के लिए किसानों ने डेढ़ लाख एकड़ में क्षतिपूर्ति पोर्टल पर पंजीकरण करवाया था। लेकिन सरकार ने डेढ़ लाख एकड़ में से मात्र 22013 एकड़ के पंजीकरण को ही स्वीकार किया। उसमें से भी मात्र 6502 एकड़ का ही मुआवजा दिया।

बैठक के दौरान अखिल भारतीय किसान सभा के सदस्य।
किसान मुआवजे से रह गए वंचित सुमित दलाल ने बताया कि हजारों किसान मुआवजा पाने से वंचित रह गए। सरकार ने किसानों को नुकसान का मुआवजा न देकर बड़ा भारी धोखा किया है। ऐसे में किसानों को आंदोलन करने पर विवश होना पड़ेगा, जिसके लिए रणनीति तय की गई है। किसान सभा जल्द आंदोलन की रूपरेखा को जारी करेगी।
सिंचाई के लिए नहीं मिलता पर्याप्त पानी सुमित दलाल ने बताया कि जिला के किसानों को सिंचाई करने के लिए नहरों में पर्याप्त पानी नहीं मिलता। आगजनी से जली हुई गेहूं की फसल का मुआवजा बढ़ाना चाहिए। मायना गांव के किसानों को सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट का पानी सिंचाई के लिए उपलब्ध करवाने की मांग की गई है।
बरसात से पहले करवाए ड्रेन व नालों की सफाई किसान सभा के जिला प्रधान सुनील मलिक ने बताया कि बारिश के मौसम से पहले सभी ड्रेनों और नालों की सफाई होनी चाहिए। बांध पक्के करने होने चाहिए, ताकि बारिश के सीजन में खेती के नुकसान से बचाव हो सके। किसान सभा के 90 साल पूरे होने पर प्रदेश के हर गांव में बड़ी पंचायत करने व सदस्यता अभियान चलाने का निर्णय भी लिया।








