Related Posts

शिमला में नॉर्थ जोन काउंसिल मीटिंग शुरू:7 राज्यों के CS व सेक्रेटरी शामिल, BBMB में स्थायी सदस्यता समेत कई अहम मुद्दे उठाएगा हिमाचल



हिमाचल की राजधानी शिमला में आज (शुक्रवार को) नॉर्थ जोनल काउंसिल) की स्थायी समिति की 22वीं बैठक शुरू हो गई है। इसकी अध्यक्षता हिमाचल के मुख्य सचिव केके पंत कर रहे हैं। इसमें हिमाचल समेत उत्तर भारत के राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के मुख्य सचिव व सचिव स्तर के अधिकारी हिस्सा ले रहे हैं। उत्तर क्षेत्रीय परिषद की मीटिंग में राज्यों के बीच लंबे समय से लंबित अंतरराज्यीय मुद्दों पर चर्चा कर उनके समाधान का रास्ता निकाला जा सकता है। इसमें राज्यों के बीच आपसी समन्वय, विकास परियोजनाओं, कानून-व्यवस्था, सुरक्षा, बुनियादी ढांचे और साझा समस्याओं से जुड़े विषयों पर मंथन किया जाएगा। बैठक में हिमाचल की ओर से भाखड़ा ब्यास प्रबंधन बोर्ड (बीबीएमबी) में स्थायी सदस्यता का मुद्दा प्रमुखता से उठाया जाएगा। इसके अलावा बीबीएमबी से जुड़े लंबित मामलों पर भी चर्चा होने की संभावना है। बीबीएमबी के पास हिमाचल का 4200 करोड़ रुपए से ज्यादा का एरियर बकाया है। सुप्रीम कोर्ट के आदेशों के बावजूद हिमाचल को इसका भुगतान नहीं किया जा रहा है। इस पर भी आज की मीटिंग में चर्चा संभावित है। इन मुद्दों पर भी चर्चा होगी बैठक में उत्तर भारत के राज्यों में सरकारी स्कूलों में घटती छात्र संख्या, साइबर अपराधों पर रोक लगाने, मादक पदार्थों के सेवन को खत्म करने के उपायों और राज्यों के बीच बेहतर समन्वय को लेकर चर्चा होगी। इसके अलावा प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (पीएमजीएसवाई) के तहत सड़कों के निर्माण में आ रही दिक्कतों और राष्ट्रीय महत्व की परियोजनाओं में वन संरक्षण अधिनियम (एफसीए) से जुड़ी बाधाओं को दूर करने पर भी मंथन किया जाएगा। क्राइम के बाद सूचना आदान-प्रदान और समन्वय पर मंथन बैठक में चंडीगढ़ प्रशासन की ओर से बढ़ती आपराधिक घटनाओं, कानून-व्यवस्था और अपराधियों के राज्यों की सीमाएं पार कर फरार होने जैसे मुद्दे उठाए जाएंगे। इसके लिए राज्यों के बीच बेहतर सूचना आदान-प्रदान और समन्वय की मांग की जाएगी। इन राज्यों के चीफ सेक्रेटरी व अधिकारी भाग लेंगे बैठक में हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, पंजाब, हरियाणा, राजस्थान, जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, दिल्ली और चंडीगढ़ के वरिष्ठ अधिकारी भाग लेंगे। उत्तर क्षेत्रीय परिषद में शामिल राज्यों के बीच आपसी सहयोग बढ़ाने और साझा समस्याओं के समाधान के लिए यह बैठक महत्वपूर्ण मानी जा रही है।



Source link

कोई जवाब दें

कृपया अपनी टिप्पणी दर्ज करें!
कृपया अपना नाम यहाँ दर्ज करें