झज्जर की पुलिस कमिश्नर रहीं डॉ. राजश्री सिंह करीब 36 साल की लंबी पुलिस सेवा के बाद सेवानिवृत्त हो गईं। उनकी सेवानिवृत्ति के अवसर पर पुलिस प्रशिक्षण केंद्र (पीटीसी) सुनारिया में भव्य सम्मान परेड का आयोजन किया गया। समारोह में उन्हें गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया। वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों, जवानों और परिजनों ने भावुक माहौल में उन्हें विदाई दी। डॉ. राजश्री सिंह के कार्यकाल की बात करें तो झज्जर में अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई और दो बड़े एनकाउंटर उनके कार्यकाल की प्रमुख उपलब्धियों में रहे। उनके कार्यकाल के दौरान जिले में हुए इन एनकाउंटरों की चर्चा झज्जर ही नहीं, बल्कि पूरे प्रदेश में रही। संजय बिरधाना और साथी का एनकाउंटर रहा सुर्खियों में झज्जर में डॉ. राजश्री सिंह के कार्यकाल के दौरान संजय बिरधाना और उसके साथी का एनकाउंटर पुलिस की बड़ी कार्रवाई के तौर पर सामने आया। इस कार्रवाई ने जिले में अपराधियों के बीच पुलिस की सख्ती का संदेश दिया। यह मामला लंबे समय तक जिले के लोगों और प्रदेशभर में चर्चा का विषय बना रहा। इसके अलावा एक अन्य एनकाउंटर में भी पुलिस की टीम ने अपराधियों का सामना करते हुए कार्रवाई की। लगातार हुई इन पुलिस कार्रवाइयों से झज्जर में कानून-व्यवस्था को लेकर पुलिस की सक्रियता और अपराधियों पर शिकंजा कसने की रणनीति साफ तौर पर दिखाई दी। 1990 में डीएसपी से शुरू हुआ सफर पीटीसी सुनारिया में आयोजित सम्मान परेड के दौरान डीआईजी मनवीर सिंह ने डॉ. राजश्री सिंह के करीब 36 वर्षों के निष्कलंक और समर्पित पुलिस सेवा कार्यकाल को याद किया। उन्होंने कहा कि डॉ. राजश्री सिंह ने पुलिस सेवा में संवेदनशील नेतृत्व, जनसेवा की भावना और पेशेवर कार्यशैली के साथ अपनी अलग पहचान बनाई। डॉ. राजश्री सिंह ने वर्ष 1990 में डीएसपी के रूप में पुलिस सेवा शुरू की थी। वर्ष 1999 में वह आईपीएस बनीं। अपने लंबे सेवाकाल के दौरान उन्होंने फरीदाबाद पुलिस कमिश्नर, अपराध शाखा, यातायात एवं राजमार्ग तथा हरियाणा पुलिस अकादमी सहित कई महत्वपूर्ण पदों पर जिम्मेदारी संभाली। वर्ष 2025 में उन्हें झज्जर पुलिस कमिश्नर नियुक्त किया गया। इसी वर्ष उन्हें अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक (एडीजीपी) के पद पर पदोन्नति मिली। महिला सुरक्षा से लेकर सड़क सुरक्षा तक किया काम डॉ. राजश्री सिंह के कार्यकाल में कानून-व्यवस्था, अपराध नियंत्रण, महिला एवं बाल सुरक्षा, सामुदायिक पुलिसिंग, सड़क सुरक्षा और पुलिस प्रशिक्षण जैसे क्षेत्रों में किए गए कार्यों को भी समारोह में याद किया गया। कोरोना महामारी के दौरान जनजागरूकता फैलाने के साथ-साथ महिला सशक्तिकरण और पुलिस-जन संवाद को मजबूत करने में उनके योगदान की भी सराहना हुई। अपने संबोधन में डॉ. राजश्री सिंह ने हरियाणा पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों, सहयोगी कर्मचारियों और परिवार के सदस्यों का आभार जताया। उन्होंने कहा कि पुलिस सेवा उनके जीवन का सबसे गौरवपूर्ण अध्याय रही है। उन्होंने पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों से ईमानदारी, संवेदनशीलता और जनसेवा की भावना के साथ कार्य करने का आह्वान किया। समारोह के दौरान उन्होंने पौधारोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश भी दिया। इसके बाद वरिष्ठ अधिकारियों ने पारंपरिक सम्मान के साथ उन्हें विदाई दी और वाहन तक छोड़कर उनके उज्ज्वल एवं सुखद भविष्य की कामना की। समारोह में पुलिस कमिश्नर सोनीपत ममता सिंह, रोहतक रेंज के आईपीएस अधिकारी समरदीप सिंह, साउथ रेंज रेवाड़ी के आईजी ओमप्रकाश नरवाल और पीटीसी सुनारिया के डीआईजी मनवीर सिंह सहित हरियाणा पुलिस के अनेक वरिष्ठ अधिकारी एवं गणमान्य लोग मौजूद रहे।
Source link
झज्जर पुलिस कमीश्नर राजश्री सिंह की विदाई:36 साल की पुलिस सेवा,झज्जर में दो बड़े एनकाउंटर रहे कार्यकाल की खास उपलब्धि, 1990 में डीएसपी से शुरू हुआ सफर
