रेवाड़ी8 घंटे पहले
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मुख्य मंच पर लगाए गए पोस्टर में सीएम नायब सैनी के साथ लगी केंद्रीय मंत्री राव इंद्रजीत सिंह की फोटो लगी थी। मगर, वे कार्यक्रम में नहीं पहुंचे।
हरियाणा सरकार की ओर से मंगलवार को रेवाड़ी में हुआ खेत बचाओ अभियान कार्यक्रम राजनीतिक गलियारों में चर्चा का विषय बन गया। कारण रहा केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह और मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की मौजूदगी के बावजूद स्थानीय सांसद एवं केंद्रीय राज्यमंत्री राव इंद्रजीत सिंह और जिले के तीनों विधायकों की कार्यक्रम से गैरहाजिरी।
कार्यक्रम में लगाए गए पोस्टर पर राव इंद्रजीत की मुख्यमंत्री के साथ फोटो भी लगी थी, लेकिन मंच पर उनकी की गैरमाजूदगी एक बार फिर सवाल छोड़ गई। एक खास बात ये भी रही कि कार्यक्रम में पांच मंडल अध्यक्षों ने भी इस कार्यक्रम से दूरी रखी।
दैनिक भास्कर ने जब इन विधायक से गैरहाजिरी पर सवाल पूछा तो तीनों अपना बचाव करने का प्रयास करते दिखे। लक्ष्मण सिंह यादव बोले कि वे अधिकारिक दौरे पर गुजरात में हैं, वहीं डॉ. कृष्ण कुमार ने तबीयत खराब होने और अनिल यादव ने शहर से बाहर होने की बात कही।
वहीं, वीवीआईपी मंच पर पहली बार भाजपा संगठन से जुड़े (जिला अध्यक्ष को छोड़) पुराने चेहरे पहली कतार में बैठे नजर आए। आपातकाल में जेल गए वीरकुमार यादव का नाम लेकर केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान भी संगठन से जुड़े कार्यकर्ताओं में जोश भरने का प्रयास किया।
रेवाड़ी में कार्यक्रम में मंच पर मौजूद केंद्रीय कृषि मंत्री एवं सीएम नायब सैनी। इस कार्यक्रम में केंद्रीय राज्यमंत्री राव इंद्रजीत सिंह और जिले के तीनों विधायकों ने शिरकत नहीं की।
बीजेपी नेताओं ने कार्यक्रम से गैरहाजिर होने पर क्या कहा…
- विधायक लक्ष्मण यादव बोले- गुजरात दौरे पर हूं : रेवाड़ी से भाजपा विधायक लक्ष्मण सिंह यादव विधानसभा कमेटी के साथ गुजरात दौरे पर हैं। उनके साथ विधायक विनोद भ्याण, शकुंतला खटक और चंद्र प्रकाश भी गुजरात में हैं। दौरे के दौरान वहां की कमेटियों के कामकाज और विधानसभा की कार्रवाई पर एक दूसरे के साथ चर्चा होगी। विधायक लक्ष्मण सिंह यादव ने कहा कि वह 29 जून की सुबह रेवाड़ी से निकले थे और 3 जुलाई को वापसी करेंगे। वह आउट ऑफ स्टेट होने के कारण वह कार्यक्रम में नहीं पहुंच पाए। यह कार्यक्रम पूर्व निर्धारित था।
- तबीयत खराब होने के कारण नहीं पहुंचें विधायक कृष्ण कुमार: बावल से भाजपा विधायक डॉ. कृष्ण कुमार ने कहा कि उनकी अचानक तबीयत खराब हो गई। जिस कारण वह अपने विधानसभा में आयोजित कार्यक्रम में नहीं पहुंच पाए। मेरी अपनी विधानसभा में कार्यक्रम में था। जिसमें 121 करोड़ की विकास परियोजनाओं का उद्धाटन और शुभारंभ हुआ। तबीयत खराब के अलावा कोई अन्य कारण नहीं था।
- मैं कल से चंडीगढ़ हूं, 2 दिन और लगेंगे : कोसली से भाजपा विधायक अनिल यादव ने कहा कि वह कल सुबह किसी काम के लिए चंडीगढ़ चला गया था। बुधवार शाम या बृहस्पतिवार सुबह तक वापसी का प्लान है। शहर से बाहर होने के कारण ही वह मुख्यमंत्री और केंद्रीय कृषि मंत्री के कार्यक्रम में नहीं पहुंच पाया।
इन्होंने भी बनाई कार्यक्रम से दूरी
मुख्यमंत्री और केंद्रीय मंत्री के कार्यक्रम से केंद्रीय राज्यमंत्री और तीनों विधायकों के साथ कुछ और बड़े चेहरे भी गायब रहे। इनमें जिला परिषद चेयरमैन मनोज यादव, रेवाड़ी नगर परिषद चेयरपर्सन विनिता पीपल, धारूहेड़ा नगर पालिका चेयरमैन अजय जांगड़ा, जिला परिषद के वाइस चेयरमैन अनिल रायपुर शामिल हैं। भाजपा संगठन से मंडल अध्यक्ष सुभाष यादव, नरेश यादव, बलराज, हनुमान छाबड़ी और रमेश भी कार्यक्रम में नहीं पहुंचे।
कार्यक्रम में मंच पर संबोधित करते हुए सीएम नायब सैनी।
अब रेवाड़ी में हुए कार्यक्रम के बारे में जानिए…
हरियाणा को मिला अपना FPO : केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने हरियाणा FPO का शुभारंभ किया। उन्होंने कहा कि देश को खाद्यान के मामले में आत्मनिर्भर बनाने में हरियाणा का विशेष योगदान रहा है। हमें भविष्य में फसलों का उत्पादन बनाए रखने के साथ खेती की सेहत को बचाने के लिए जैविक खेती की तरफ जाना होगा। किसान खाद और कीटनाशक का प्रयोग तो करें, परंतु मिट्टी की जरूरत के अनुसार ही करें। जिससे मिट्टी की सेहत भी बनी रहे और उत्पादन भी प्रभावित नहीं हो।
एप लॉच करेगी केंद्र सरकार : केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने किया कि केंद्र सरकार खेती को बचाने की योजना पर काम कर रही है। इसके लिए एक एप तैयार किया जा रहा है। इसके लॉच होने के बाद कोई भी किसान मोबाइल पर अपनी खेती की सेहत जांच सकेंगे। एप से किसान पता कर सकेंगे कि उसकी फसल को कितनी और किस मात्रा में खाद और दवाईयों की जरूरत है। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार हरियाणा सरकार के साथ मिलकर किसान कल्याण की योजनाओं पर काम करेगी।
जिला रेवाड़ी के बावल में राजकीय महिला महाविद्यालय के नवनिर्मित भवन का उद्घाटन करते केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान और मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी।
चार जिलों में खुलेंगे प्रशिक्षण केंद्र : हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि प्रदेश सरकार ने प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने के लिए पोर्टल शुरू किया है। इसके लिए कुरुक्षेत्र, जींद ,सिरसा और करनाल में प्रशिक्षण केंद्र खोले जाएंगे। पंचकूला, यमुनानगर, करनाल, सोनीपत, रोहतक, गुरुग्राम, फरीदाबाद, हिसार, चरखी दादरी और नारनौल में प्राकृतिक व जैविक किसानों को कृषि उपज बेचने के लिए जगह उपलब्ध करवाई जाएगी। इस दौरान बावल विधानसभा में 121 करोड़ की विकास परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास भी किया।
सरकारी जमीन पर अब केवल प्राकृतिक खेती : मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार ने प्रदेश में प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने के लिए एक बड़ा फैसला लिया है। सरकारी स्वामीत्व वाली जमीन केवल प्राकृतिक और जैविक खेती करने वाले किसानों को ही मिलेगी। इस जमीन पर कम से कम अगले 10 वर्ष तक प्राकृतिक व जैविक खेती की जाएगी। हर खेत स्वस्थ खेत और मृदा स्वास्थ्य कार्ड जैसी योजनाओं पर सरकार का फोकस है। पिछले 11 सालों में किसानों को प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना व फसल खराबे का 16530 करोड रुपए मुआवजा दिया जा चुका है।
उद्घाटन- शिलान्यास पत्थरों पर लिखा विधायक डॉ. कृष्ण कुमार और केंद्रीय राज्यमंत्री राव इंद्रजीत सिंह का नाम
यहां जानिए क्या है एफपीओ…
छोटे और सीमांत किसानों का सामूहिक संगठन
हरियाणा एफपीओ मिशन छोटे और सीमांत किसानों का सामूहिक संगठन है। जिसका उद्देश्य किसानों को एकजुट कर कृषि लागत कम करना और स्थानीय बाजार से जोड़कर अंतर्राष्ट्रीय बाजार तक उनकी पहुंच बनाना है। 10 से 50 किसान समूह को रजिस्टर करवा सकते हैं। इसे कंपनी अधिनियम या सहकारी समिति कानून के तहत पंजीकृत करवाया जा सकता है, जो एक कंपनी की तरह काम करेगा और नाबार्ड जैसी संस्थाओं का सहयोग मिलेगा।
फसल की कीमत तय कर सकेंगे किसान
किसान एफपीओ के माध्यम से अनाज की प्रोसेसिंग कर सकते है। जैसे सरसों का तेल निकालन, मसाले पीसना, पैकेजिंग और ब्रॉडिंग करना शामिल है। व्यापारियों को फसल बेचते समय स्वयं अपनी कीमत तय कर सकते हैं। थोक में खाद, बीज और कीटनाशक खरीदकर किसानों को बाजार से कम दामों पर मुहैया करवा सकते हैं।
एफपीओ को कृषि यंत्रों (जैसे ट्रैक्टर, रोटरवेटर) और सोलर प्लांट पर सरकार से 50% से 90% तक की सब्सिडी मिलती है। कोल्ड स्टोरेज और पैकेजिंग जैसी बुनियादी सुविधाओं के लिए आर्थिक सहायता मिलती है। किसान सीधे एफपीओ को अपनी फसल बेच सकते हैं। समूह में उपज अधिक होने के कारण इसे सीधे बड़ी कंपनियों, रिटेल चेन या सीधे अंतरराष्ट्रीय बाज़ार में भेजा जा सकता है।
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ये खबर भी पढ़ें…. ‘राव इंद्रजीत’ समर्थकों को स्वीकार नहीं ‘राव नरबीर’:रेवाड़ी में कार्यक्रमों के साथ अब पोस्टर से भी गायब; संगठन भी नहीं साथ
रेवाड़ी में केंद्रीय मंत्री राव इंद्रजीत सिंह और राव नरबीर सिंह समर्थकों की लड़ाई थम नहीं है। इस लड़ाई में राव इंद्रजीत समर्थकों को पार्टी संगठन का भी खुलकर साथ मिलने लगा है। अब तक राव नरबीर सिंह के कार्यक्रमों से दूरी के बाद पोस्टरों में भी स्थान देना बंद कर दिया है। (पूरी खबर पढ़ें)
