spot_imgspot_img

Top 5 This Week

spot_img

Related Posts

यमुनानगर में बिहार के सरकारी टीचर पर FIR:नौकरी लगने के बाद ससुराल वालों से मांगी स्कॉर्पियो, बच्चे के साथ पत्नी को घर से निकाला




यमुनानगर की एक महिला ने बिहार के सिवान जिले में रहने वाले अपने पति (सरकारी टीचर), सास और एक रिश्तेदार पर दहेज के लिए प्रताड़ित करने, मारपीट करने, जान से मारने की धमकी देने और स्त्रीधन हड़पने के गंभीर आरोप लगाए हैं। महिला का कहना है कि सगाई से लेकर शादी तक उसके परिवार से लाखों रुपए और अन्य सामान लिया गया, लेकिन दहेज की मांग लगातार बढ़ती रही। शादी के बाद पहले 10 लाख रुपए, फिर महिंद्रा स्कॉर्पियो और 20 लाख रुपए की मांग की गई। विरोध करने पर उसके साथ मारपीट की गई, गर्भावस्था के दौरान गर्भपात का दबाव बनाया गया और बाद में उसे उसके मासूम बेटे के साथ घर से निकाल दिया गया। थाना शहर यमुनानगर पुलिस ने मामले में तीन आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। सगाई से ही शुरू हो गई थी दहेज की मांग आजाद नगर निवासी महिला ने बताया कि उसकी सगाई फरवरी 2023 को बिहार के सिवान जिले के सरसर गांव निवासी रवि रंजन के साथ हुई थी, जिस पर करीब 5 लाख रुपए खर्च हुए। सगाई के बाद कार की मांग करते हुए रिश्ता तोड़ने की धमकी दी गई। इसके बाद लड़के के पिता के खाते में 5 लाख रुपए ट्रांसफर किए गए। आरोपियों ने शादी से पहले 5 लाख रुपए और नकद लिए। महिला ने शिकायत में कहा कि 10 मई 2023 को शादी हुई, जिस पर जेवर और दहेज के सामान सहित करीब 60 लाख रुपए खर्च किए। इसके बावजूद शादी के बाद ससुराल पक्ष ने 10 लाख रुपए अतिरिक्त मांगने शुरू कर दिए और उसे ताने देकर मानसिक व शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया। गर्भपात का दबाव और हत्या की धमकी का आरोप महिला का आरोप है कि गर्भवती होने की जानकारी मिलने के बाद उसके पति ने उस पर गर्भपात कराने का दबाव बनाया। विरोध करने पर उसके साथ मारपीट की गई और चाकू से जान से मारने की कोशिश की गई। उस समय उसके माता-पिता के हस्तक्षेप से उसकी जान बची। महिला ने बताया कि 14 अप्रैल 2024 को उसने बेटे अनघ को जन्म दिया। कुछ समय बाद पति की बिहार में सरकारी शिक्षक के रूप में नौकरी लग गई। इसके बाद ससुराल पक्ष ने यह कहते हुए कि सरकारी शिक्षक को 50-50 लाख रुपए दहेज मिलता है, उससे नई महिंद्रा स्कॉर्पियो और 20 लाख रुपए लाने की मांग शुरू कर दी। मांग पूरी नहीं होने पर उसके साथ मारपीट की गई। बच्चे को लेकर भागने और घर से निकालने का आरोप शिकायत में आरोप लगाया गया कि, नवंबर 2025 में ससुराल पक्ष बीमार बेटे को अस्पताल से लेकर चला गया, जिसे बाद में पुलिस की मदद से वापस लाया गया। इसके बाद उसका सामान और जेवर उसकी इच्छा के बिना बिहार ले जाकर रख लिए गए। महिला का आरोप है कि उसके अधिकांश जेवर सास ने बैंक लॉकरों में रख लिए और दिसंबर 2025 में उसे उसके मासूम बेटे के साथ खाली हाथ घर से निकाल दिया गया। तब से वह अपने मायके में रह रही है। पुलिस ने मामले की जांच करते हुए आरोपी रवि रंजन, सास प्रेमलता और विजय के खिलाफ विभिन्न धाराओं में केस दर्ज कर लिया है।



Source link

कोई जवाब दें

कृपया अपनी टिप्पणी दर्ज करें!
कृपया अपना नाम यहाँ दर्ज करें

Popular Articles