हरियाणा के कुरुक्षेत्र जिले में बीती रात तेज तूफान और बारिश ने भारी तबाही मचाई। इसमें जिलेभर में 150 से ज्यादा बिजली के खंभे और करीब 100 पेड़ टूट गए। खंभे टूटने से जिले के कई इलाकों में बिजली आपूर्ति बाधित रही। शहर के कई एरिया में भी पूरी रात बिजली गुल रही। सुबह करीब 4 बजे बिजली सप्लाई शुरू हुई। जिले में औसतन करीब 6 MM बारिश दर्ज की गई। उधर, शाहाबाद के रावा गांव में एक कच्चे मकान की छत गिर गई। हादसे में मकान के अंदर सोए बलदेव सिंह मलबे के नीचे दब गए। परिवार के सदस्यों और पड़ोसियों ने तुरंत उन्हें बाहर निकाला और शाहाबाद के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) में भर्ती कराया। घटना सुबह करीब साढ़े सात बजे की है। नए बस अड्डे पर पेड़ गिरा, वाहन क्षतिग्रस्त तेज हवा और बारिश से नए बस अड्डे के पास भी बड़ा नुकसान हुआ। पार्किंग में खड़ा एक विशाल सफेदे का पेड़ अचानक गिर गया। पेड़ की चपेट में आने से कई वाहन क्षतिग्रस्त हो गए। इसकी चपेट में एक ऑटो, एक रेहड़ी और कई बाइकें पेड़ के नीचे दब गईं। गनीमत रही इस दौरान कोई जानी नुकसान नहीं हुआ। 150 बिजली खंभे टूटने से नुकसान तूफान और बारिश का सबसे ज्यादा असर बिजली व्यवस्था पर पड़ा। जिले में कई जगह 150 से ज्यादा बिजली के खंभे टूट गए। इसके चलते कई गांवों और शहरी एरिया की बिजली आपूर्ति प्रभावित हो गई। रातभर में शहर की बिजली सप्लाई को रिपेयर कर दिया गया, लेकिन खेतों की लाइन शुरू करने में समय लग रहा है। बिजली निगम को काफी नुकसान बारिश और तूफान की वजह से सबसे ज्यादा बिजली निगम को हुआ है। खंभे टूटने से निगम को लाखों का नुकसान हुआ। साथ पेड़ की चपेट और तुफान के कारण कई जगहों पर बिजली की तारें भी टूटकर नीचे गिर गई। बारिश रुकते ही विभाग की कई टीमें फील्ड में उतर गई। विभाग अभी नुकसान का आकलन कर रहा है। मंडियों में भीगा सूरजमुखी और मक्का बारिश का असर कृषि मंडियों में भी देखने को मिला। अनाज मंडियों में खुले में रखी सूरजमुखी और मक्के की फसल भीग गई। नुकसान से बचाने के लिए किसान और मजदूर दिनभर फसल को पलटते और सुखाते नजर आए। किसानों को भी फसल की क्वालिटी प्रभावित होने की चिंता सता रही है। गड्ढे में साइकिल और बुलेट गिरी पिहोवा के मॉडल टाउन एरिया में खोदे गए गड्ढे में रात को साइकिल और बुलेट बाइक सवार 2 लोग गिर गए। बारिश की वजह से गड्ढे में पानी भर चुका था। इस वजह उनको पता नहीं चल पाया कि यहां गड्ढा खोदा गया है। साइिकल सवार खुद गड्ढे से बाहर आ गया, जबकि अली मुर्तिजा और उसे साथी को लोगों ने बाहर निकाला। डायल-112 भी नहीं पहुंच सकी अभी उनकी बाइक और साइकिल गड्ढे में पड़े हुए है। उन्होंने आरोप लगाया कि रात करीब 10 बजे डायल-112 को कॉल किया गया था, लेकिन बारिश की वजह से टीम मौके पर नहीं पहुंची। आज गड्ढे से साइकिल और बाइक को बाहर निकाला जाएगा। अली ने आरोप लगाया कि गड्ढे वाली जगह पर कोई चेतावनी साइन तक नहीं लगाया गया। इस्माइलाबाद में हुई सबसे ज्यादा बारिश जिले में सबसे ज्यादा इस्माइलाबाद में 17 MM बारिश हुई। सबसे कम बारिश पिहोवा में हुई। यहां 1 MM बारिश दर्ज की गई। इस्माईलाबाद : 17 एमएम लाडवा : 7 एमएम बाबैन : 6 एमएम शाहाबाद : 5 एमएम पिहोवा : 1 एमएम थानेसर : 1.8 एमएम
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