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रेवाड़ी वकील स्ट्राइक: आज जश्न मनेगा या बनेगी रणनीति:धरना स्थल पर निर्णय लेगी बार; हड़ताल के 10वें दिन हुआ एसडीएम का ट्रांसफर




सरकार ने रेवाड़ी एसडीएम सुरेश कुमार का ट्रांसफर कर वकीलों की मांग पूरी कर दी। बुधवार शाम को ट्रांसफर आदेश जारी कर नूंह के नगर आयुक्त दलबीर सिंह को रेवाड़ी का एसडीएम लगाया। जिसके बाद बार ने बार प्रधान ने कहा कि आगे क्या होगा, इसका फैसला गुरुवार को धरना स्थल पर होगा। हड़ताल की कॉल बार ने की थी आगे जो भी होगा वह भी बार ही तय करेगी। ऐसे में देखना होगा कि वीरवार को धरना स्थल पर जीत के जश्न के साथ हड़ताल खत्म करने की घोषणा होगी या फिर सरकार के सामने कुछ और मांग रखते हुए आगे की रणनीति बनेगी। 20 जुलाई से हड़ताल पर वकील रेवाड़ी के वकील 20 जुलाई से हड़ताल पर हैं। वकील सरकार से एसडीएम सुरेश कुमार का ट्रांसफर करने की मांग कर रहे थे। हड़ताल के दौरान वकील न्यायिक परिसर में लगातार धरना देते आ रहे थे। वकील एसडीएम पर मनमाने ढंग से फैसलले करने और वकीलों के साथ दुर्व्यवहार करने के आरोप लगाते रहे हैं। 16 अप्रैल से वकीलों ने एसडीएम कोर्ट का बहिष्कार किया हुआ था। जानिए कब क्या हुआ वकीलों ने एसडीएम पर दुर्व्यवाहर का आरोप लगाते हुए 16 अप्रैल को सांकेतिक धरना दिया। इस दौरान मुख्यमंत्री के नाम एसडीएम के ट्रांसफर की मांग की गई। 16 अप्रैल को वकीलों ने एसडीएम कोर्ट के बहिष्कार का निर्णय लिया। जिसके बाद वकील एसडीएम की कोर्ट में पेश नहीं हुए। 20 जुलाई से वकील अपनी मांग नहीं मानने के विरोध में अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चले गए। जिसके बाद नियमित रूप से न्यायिक परिसर में धरना दिया जा रहा है। 28 जुलाई को वकीलों ने प्रदर्शन किया। जबरदस्ती सचिवालय का गेट खोलकर अंदर घुसे और डीसी को अपना ज्ञापन सौंपा। 29 जुलाई को वकीलों के समर्थन में रेवाड़ी सहित सभी तहसीलों में कामकाज ठप रखा गया। 29 जुलाई की शाम सरकार ने एसडीएम के ट्रांसफर आदेश जारी किए। एचसीएस दलबीर सिंह को रेवाड़ी का नया एसडीएम लगाया गया। बार ही लेगी निर्णय बार प्रधान विश्वामित्र ने कहा कि हड़ताल की कॉल बार की थी। अब आगे क्या होगा, इसका निर्णय भी बार ही लेगी। गुरुवार को धरना स्थल पर बार की बैठक होगी। जिसमें जो निर्णय लिया जाएगा, उसी अनुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी। देर से ही सही सरकार ने आखिरकार वकीलों की मांग मान ही ली। यह बार की यूनिटी की जीत है।



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