फेमस राइटर मधु किश्वर मामले में नया मोड़ आ गया है। चंडीगढ़ पुलिस ने मिसलीडिंग वीडियो मामले में जो एफआईआर दर्ज की है उसमें दिखाई दे रहे दंपति ने इन्वेस्टिगेशन ज्वाइन कर ली है। वहीं दूसरी ओर राइटर मधु किश्वर को चंडीगढ़ पुलिस ने पहला नोटिस दिल्ली में उसके घर देकर 22 अप्रैल को पुलिस स्टेशन 26 में पेश होने के लिए कहा था, लेकिन वह पेश नहीं हुई। इसके बाद मामले में फिर से चंडीगढ़ पुलिस ने दूसरा नोटिस राइटर मधु किश्वर को भेज दिया है और 25 अप्रैल को पेश होने के लिए कहा है। अब देखते हैं कि 25 अप्रैल को भी राइटर मधु किश्वर पेश होती हैं या फिर नहीं। एफआईआर की कॉपी देने से इनकार राइटर मधु किश्वर ने कहा कि दूसरी बार एक और नोटिस लेकर आए पुलिसकर्मी चंडीगढ़ पुलिस के थे, जिनके साथ दिल्ली पुलिस का भी एक व्यक्ति शामिल था। मैं हैरान हूं कि इस टीम ने भी मुझे एफआईआर की कॉपी देने से इनकार कर दिया, लेकिन मुझसे 25 अप्रैल को चंडीगढ़ के पुलिस स्टेशन 26 में पेश होने की उम्मीद कर रहे हैं। मेरे सहायक ने हमारे बीच हुई पूरी बातचीत रिकॉर्ड की है, जिसे मैं कुछ ही मिनटों में साझा करूंगा। जब मैंने इंस्पेक्टर से बार-बार पूछा कि मुझे एफआईआर की कॉपी क्यों नहीं दी जा रही, तो उनके पास इसका कोई जवाब नहीं था। दंपति ने की इन्वेस्टिगेशन ज्वाइन चंडीगढ़ की एसएसपी कवंरदीप कौर ने कहा कि पुलिस स्टेशन 26 में जो राइटर मधु किश्वर व अन्य के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है, उस मामले में जो वीडियो में दंपति हैं, उन दोनों ने पुलिस इन्वेस्टिगेशन ज्वाइन कर ली है। साथ ही राइटर मधु किश्वर को 22 अप्रैल को नोटिस जारी कर बुलाया था, लेकिन वह नहीं आईं, जिसके बाद उन्हें दूसरा नोटिस भेजकर फिर से बुलाया गया है। दरअसल, मधु किश्वर समेत अन्य लोगों पर चंडीगढ़ के सेक्टर-26 थाने में 20 अप्रैल को ही एक शिकायत पर FIR दर्ज की गई। शिकायत में कहा गया कि कुछ सोशल मीडिया यूजर्स ने एक वीडियो को गलत पहचान के साथ वायरल किया और उसमें अश्लील व भ्रामक शब्द जोड़कर पेश किया। इससे संवैधानिक पद पर बैठे व्यक्ति की छवि खराब करने की कोशिश की गई और समाज में भ्रम फैलाया गया। चंडीगढ़ पुलिस रात में दिल्ली पहुंची दिल्ली में मधु किश्वर के दफ्तर में उनके और पुलिस अधिकारियों के बीच बात हुई। इस दौरान मधु किश्वर ने कहा कि न उनकी तरफ से कोई दुर्भावना थी और न दूसरी तरफ से। उन्होंने चंडीगढ़ पुलिस से पूछा कि क्या वह स्थानीय पुलिस के साथ नहीं आए हैं? इस पर चंडीगढ़ से आई महिला पुलिस अधिकारी ने बताया कि उनकी टीम साथ आई है। मधु किश्वर ने इस टीम को कानून का हवाला देते हुए कहा कि महिलाओं के घर पर सूर्यास्त के बाद और सूर्योदय से पहले पुलिस न तो आ सकती है और न ही उन्हें अरेस्ट कर सकती है। उन्होंने इस मुद्दे पर पुलिस टीम के सीनियर अधिकारी से भी बात की तो उसने बताया कि ये टीम चंडीगढ़ में उनके खिलाफ दर्ज एफआईआर के संबंध में सिर्फ नोटिस देने आई है। इस पर उन्होंने कहा कि कानून का पालन करते हुए दिन में आना चाहिए। मधु किश्वर के मुताबिक, दोनों पक्षों ने शालीनता और शिष्टाचार बनाए रखा। जैसे ही उन्हें एफआईआर की कॉपी मिलेगी, वह चंडीगढ़ में दर्ज इस केस में शामिल होंगी। 3 पॉइंट में जानिए पूरा मामला भ्रामक पोस्ट-क्लिप शेयर की जा रही: दरअसल, 19 अप्रैल को प्रधानमंत्री मोदी का बताकर एक फर्जी और भ्रामक वीडियो सोशल मीडिया पर शेयर किया गया। इसे लेकर चंडीगढ़ पुलिस ने लेखिका मधु किश्वर के खिलाफ केस दर्ज किया। पुलिस की एक टीम देर रात उनको नोटिस देने पहुंची थी। यह मामला सेक्टर-26 पुलिस स्टेशन चंडीगढ़ में भारतीय न्याय संहिता और आईटी एक्ट के तहत दर्ज हुआ है। SHO बोले- राइटर पर शेयर करने का आरोपः सेक्टर 19 चंडीगढ़ की SHO सरिता रॉय ने कहा कि 19 अप्रैल को सेक्टर 26 पुलिस स्टेशन में एक FIR दर्ज की गई है। यह एक वीडियो से जुड़ी है जिसे एक्स पर पोस्ट किया गया था। मधु किश्वर पर इसे रीपोस्ट करने का आरोप है। हम उन्हें 35.3 BNSS का नोटिस देने आए थे। उन्हें पुलिस स्टेशन में पेश होने का नोटिस दिया गया है। अश्लील शब्द यूज किए, नुकसान पहुंचाने का मकसद: शिकायतकर्ता के अनुसार, यह सब जानबूझकर किया गया, जिसमें अश्लील शब्दों का उपयोग करते हुए झूठे इलेक्ट्रॉनिक रिकॉर्ड तैयार किए गए हैं। आरोप है कि संबंधित लोगों को यह जानकारी थी या उन्हें विश्वास करने का पर्याप्त कारण था। उनका उद्देश्य किसी की छवि को नुकसान पहुंचाना है।
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