करनाल में नीलोखेड़ी के पास दर्दनाक सड़क हादसे में दो मासूम बच्चों की जान चली गई। दोनों बच्चे अपनी मां और मामा के साथ बाइक पर सवार होकर घर लौट रहे थे। रास्ते में खड़ी कार का दरवाजा अचानक खुलने से बाइक टकरा गई और संतुलन बिगड़ गया। इसी दौरान पीछे से आ रहे डंपर ने बच्चों को कुचल दिया, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई। घटना की सूचना के बाद पुलिस मौके पर पहुंच गई और शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। वही घायलों को अस्पताल में भर्ती करवाया। मामा की हालत गंभीर होने पर उसे पीजीआई चंडीगढ़ रेफर कर दिया। पुलिस मामले की जांच कर रही है। मृतक दोनों सगे भाई, गांव संगोहा के रहने वाले
गांव संगोहा निवासी 14 वर्षीय संकेत और 10 वर्षीय देव इस हादसे के शिकार हुए। संकेत नौवीं कक्षा में पढ़ता था, जबकि देव सातवीं कक्षा का छात्र था। दोनों अपनी मां के साथ मामा के घर गए हुए थे और सोमवार को मामा उन्हें बाइक पर वापस घर छोड़ने आ रहा था। खड़ी कार का दरवाजा खुलते ही हुआ हादसा
परिजन दीपक सैनी के अनुसार नीलोखेड़ी के पास सड़क किनारे एक कार खड़ी थी। जैसे ही कार सवार ने दरवाजा खोला, बाइक उससे टकरा गई और चारों लोग सड़क पर गिर गए। तभी पीछे से आ रहे डंपर ने दोनों बच्चों को कुचल दिया। हादसे में मां और मामा भी घायल हो गए। पुलिस ने डंपर चालक को पकड़ा, कार चालक फरार
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और डंपर को कब्जे में लेकर चालक को पकड़ लिया। बताया जा रहा है कि डंपर राजस्थान नंबर का था। वहीं कार चालक मौके से फरार हो गया। परिजनों ने मांग की है कि डंपर चालक के साथ-साथ कार चालक के खिलाफ भी सख्त कार्रवाई की जाए। घायलों का इलाज जारी, मामा की हालत गंभीर
हादसे में घायल मां और मामा को अस्पताल में भर्ती कराया गया। मामा की हालत ज्यादा गंभीर होने के कारण उन्हें पीजीआई चंडीगढ़ रेफर किया गया है, जहां उनका इलाज चल रहा है। पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को सौंपे शव
पुलिस ने दोनों बच्चों के शवों को कब्जे में लेकर करनाल के कल्पना चावला मेडिकल कॉलेज में पोस्टमार्टम कराया। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिए गए। मृतकों के पिता ने दोनों बेटों को मुखाग्नि दी। परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़
परिजनों के अनुसार कुछ समय पहले ही बच्चों के दादा-दादी का भी निधन हो चुका है। अब परिवार में माता-पिता ही बचे हैं। एक ही हादसे में दोनों बेटों की मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है।
Source link
