spot_imgspot_img

Top 5 This Week

spot_img

Related Posts

यमुनानगर में स्कूल से लौट रहे टीचर की मौत:कार ने कुचला, 10 दिन पहले लगी थी जॉब, परिवार का इकलौता सहारा था




यमुनानगर के रादौर क्षेत्र के गांव गढ़ी सिकंदरा निवासी 22 वर्षीय प्राइवेट शिक्षक शुभम की सड़क हादसे में मौत हो गई। शुभम स्कूल से लौट रहा था। इसी दौरान अटावा सिविल अस्पताल के गेट से अचानक निकली एक वैगनआर कार ने उसकी बाइक को टक्कर मार दी। हादसे में शुभम गंभीर रूप से घायल हो गया। उसे पहले यमुनानगर के सिविल अस्पताल, फिर गाबा अस्पताल और बाद में पीजीआई चंडीगढ़ रेफर किया गया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। पुलिस ने कार चालक के खिलाफ लापरवाही से वाहन चलाने और मौत का कारण बनने का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। बीएससी कर चुका था, परिवार का इकलोता सहारा मृतक के चचेरे भाई अनिल कुमार पुत्र जगमाल निवासी गांव गढ़ी सिकंदरा ने बताया कि उसके चाचा सुखविंद्र सिंह की वर्ष 2010 में सड़क दुर्घटना में मौत हो चुकी थी। सुखविंद्र सिंह के परिवार में पत्नी सीमा, बेटी खुशबू और बेटा शुभम था। शुभम ने बीएससी की पढ़ाई पूरी की थी और 10 दिन पहले ही गांव चमरोड़ी स्थित गीता सीनियर सेकेंडरी स्कूल में प्राइवेट शिक्षक के रूप में जॉब लगी थी। अनिल कुमार ने बताया कि शुभम सुबह स्कूल गया था। दोपहर करीब 1:30 बजे वह खुद अपने निजी काम से बाइक पर रादौर जा रहा था। जब वह अटावा सिविल अस्पताल के पास पहुंचा तो उसने देखा कि अस्पताल परिसर से सिल्वर रंग की हिमाचल नंबर वैगनआर कार बिना हॉर्न बजाए और लापरवाही से तेज गति में बाहर निकली। उसी समय गांव बसंतपुरा की ओर से शुभम अपनी सुपर स्प्लेंडर मोटरसाइकिल पर आ रहा था। कार चालक ने अचानक अस्पताल के गेट से बसंतपुरा की ओर कार मोड़ दी, जिससे कार की दाहिनी ओर से शुभम की बाइक टकरा गई। टक्कर इतनी जोरदार थी कि शुभम सड़क पर गिर पड़ा और गंभीर रूप से घायल हो गया। प्रत्यक्षदर्शी ने मौके पर ही नोट किया कार का नंबर अनिल कुमार ने बताया कि उसने तुरंत अपनी बाइक रोकी और घायल के पास पहुंचा। तब पता चला कि घायल उसका चचेरा भाई शुभम है। उसने मौके पर ही कार और बाइक का नंबर नोट कर लिया। देखते ही देखते आसपास के लोग भी मौके पर एकत्र हो गए और घायल को तुरंत अस्पताल पहुंचाया। हादसे में शुभम के सिर, छाती, गर्दन, चेहरे, दाहिने हाथ और पैरों पर गंभीर चोटें आईं। अस्पताल के स्टाफ ने मौके पर प्राथमिक उपचार देते हुए खून रोकने के लिए पट्टी की। इस दौरान कार चालक भी मौके पर रुका और उसने अपना नाम भूवन निवासी गांव गढ़ी पजाल बताया। तीन अस्पतालों में चला इलाज इसके बाद पुलिस की मदद से एंबुलेंस की व्यवस्था कर शुभम को सिविल अस्पताल यमुनानगर पहुंचाया गया। वहां डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार के बाद उसे पीजीआई सेक्टर-32 चंडीगढ़ रेफर कर दिया। परिजन पहले उसे यमुनानगर के गाबा अस्पताल ले गए, लेकिन हालत लगातार बिगड़ने पर डॉक्टरों ने उसे पीजीआई सेक्टर-12 चंडीगढ़ रेफर कर दिया। इलाज के दौरान शुभम ने दम तोड़ दिया। रादौर थाना पुलिस ने अनिल कुमार के बयान के आधार पर वैगनआर चालक भूवन के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।



Source link

कोई जवाब दें

कृपया अपनी टिप्पणी दर्ज करें!
कृपया अपना नाम यहाँ दर्ज करें

Popular Articles