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बल्लभगढ़ में 148 परिवारों को मिली प्लॉट की रजिस्ट्री:केंद्रीय मंत्री गुर्जर ने लाभार्थियों को सौंपे कागजात; बोले-अब घर बनाने का सपना होगा पूरा




फरीदाबाद जिले के फतेहपुर बिलौच गांव में मुख्यमंत्री ग्रामीण आवास योजना के तहत रविवार को 148 पात्र परिवारों को 100-100 गज के प्लॉट की रजिस्ट्री वितरित की गई। केंद्रीय राज्य मंत्री कृष्ण पाल गुर्जर ने लाभार्थियों को रजिस्ट्री सौंपकर उन्हें मालिकाना हक प्रदान किया। इस अवसर पर बड़ी संख्या में ग्रामीण, जनप्रतिनिधि और लाभार्थी मौजूद रहे। रजिस्ट्री मिलने के बाद लाभार्थियों के चेहरों पर खुशी साफ दिखाई दी, क्योंकि कई परिवारों को इसके लिए वर्षों तक इंतजार करना पड़ा। जानकारी के अनुसार, मुख्यमंत्री ग्रामीण आवास योजना का लाभ उन परिवारों को दिया जा रहा है जिनकी वार्षिक आय 1.80 लाख रुपए से कम है और जिनके पास न तो अपना पक्का मकान है और न ही कोई जमीन। सरकार द्वारा इस योजना के तहत पहले भी कई चरणों में पात्र लोगों को प्लॉट आवंटित किए जा चुके हैं। फतेहपुर बिलौच गांव में भी 148 परिवारों को इस योजना का लाभ मिला है। 4 करोड़ लोगों को पक्के मकान दिए जा चुके- मंत्री कार्यक्रम के दौरान पत्रकारों से बातचीत करते हुए केंद्रीय राज्य मंत्री कृष्ण पाल गुर्जर ने कहा कि सरकार का उद्देश्य गरीब और जरूरतमंद परिवारों को सम्मानजनक जीवन उपलब्ध कराना है। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत देशभर में अब तक 4 करोड़ लोगों को पक्के मकान दिए जा चुके हैं। उन्होंने कहा कि सरकार केवल मकान ही नहीं देती, बल्कि उनमें बिजली, पानी, सीवर और गैस कनेक्शन जैसी मूलभूत सुविधाएं भी उपलब्ध कराती है। उन्होंने कहा कि गरीबों का कल्याण करना मोदी सरकार की प्राथमिकता रही है और पिछले 12 वर्षों में कई जनकल्याणकारी योजनाओं को सफलतापूर्वक लागू किया गया है। उन्होंने दावा किया कि इन योजनाओं के कारण देश में लगभग 25 करोड़ लोग गरीबी रेखा से बाहर आए हैं। एक सामान्य प्रक्रिया है एसआईआर- मंत्री मतदाता सूची के एसआईआर को लेकर विपक्ष की आलोचना पर कृष्ण पाल गुर्जर ने कहा कि सर्वोच्च न्यायालय के निर्देशों के अनुसार मृत व्यक्तियों और स्थानांतरित हो चुके लोगों के नाम मतदाता सूची से हटाना एक सामान्य प्रक्रिया है। उन्होंने कहा कि जो व्यक्ति वहां निवास कर रहा है उसका नाम नहीं काटा जाएगा और जो वहां नहीं रहता उसका नाम सूची में नहीं रहेगा। लाभार्थियों बोले- 49 साल बाद अपने प्लॉट की रजिस्ट्री मिली वहीं रजिस्ट्री प्राप्त करने वाले लाभार्थियों ने बताया कि उन्हें लगभग 49 साल बाद अपने प्लॉट की रजिस्ट्री मिली है। उनका कहना था कि प्लॉट पहले आवंटित कर दिए गए थे, लेकिन जमीन पर कब्जा नहीं मिल पा रहा था। अब रजिस्ट्री मिलने से उन्हें उम्मीद जगी है कि जल्द ही जमीन का कब्जा भी मिलेगा और वे अपना घर बना सकेंगे। लाभार्थियों ने कहा कि जब उन्हें जमीन का वास्तविक कब्जा मिल जाएगा और वे अपने घर का निर्माण कर लेंगे, तभी उनका वर्षों पुराना सपना पूरी तरह से पूरा होगा।



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